August 8, 2020
  • facebook
  • twitter
  • linkedin
vokal app

Vokal ने 12 भारतीय भाषाओं में लॉन्च किया Twitter जैसा माइक्रो ब्लॉगिंग ऐप ‘Koo’

भारत सरकार द्वारा हाल ही में 59 चाइनीज ऐप को ब्लॉक करने के बाद से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत को नई ऊंचाई प्रदान हुई है और एक बेहतर विकल्प भी मिल रहा है। कई उद्यमी अब इसे सोशल मीडिया और मनोरंजन के लिए ऐप बनाने के अवसर के रूप में देखने लगे है।

सीरियल एंटरप्रेन्योर और विख्यात निवेशक अप्रमेया राधाकृष्णा ने Twitter जैसा ही माइक्रो ब्लॉगिंग प्लेटफ़ॉर्म ‘Koo’ लॉन्च किया है जिसमें उपयोगकर्ता टेक्स्ट और मल्टीमीडिया शेयर कर सकते है। इस ऐप ने Google Play Store पर 100k से ज्यादा डाउनलोड प्राप्त कर लिए है।

राधाकृष्णा के अनुसार पांच दिनों में ऐप ने डाउनलोड के मामले में गज़ब का उछाल देखा है। चाइनीज ऐप के ख़िलाफ़ आक्रोश और चीन से जुड़े हुए 59 ऐप को ब्लॉक करने के बाद से डाउनलोड में और इसके उपयोग में काफी तेज़ी अाई है।

यह भी ध्यान देने योग्य बातें है कि राधाकृष्णा और मयंक बिदावतका द्वारा स्थापित Vokal, भारत में ShareChat, Pratilipi और ByteDance स्वामित्व वाली ऐप के इको सिस्टम की तुलना में उतना विकसित नहीं हो पाया है। Sensor Tower के अनुसार इस साल जनवरी से जून के महीने तक यह 1.4 मिलियन डॉउनलोड प्राप्त करने में सफल रहा है।

हालांकि अभी ऐप के लॉन्च की सही समयरेखा का पता नहीं चल पाया है लेकिन ऐसा लग रहा है कि कुछ महीने पहले से ही यह Play Store पर आ गया है। यूजर्स इसपर पोस्ट पर अपनी राय, लाइक और कमेंट शेयर कर सकते है। Koo टीम Vokal का दूसरा उत्पाद है और यह मुख्य रूप से हिन्दी, तमिल, तेलेगु, असमिया सहित 11 भारतीय भाषाओं में उपलब्ध है।

एप्लिकेशन का मिशन स्टेटमेंट भारत में अपनी कार्ययोजना पर रिकॉर्ड को सीधे सेट करता है। इसके साथ ही भारत में करीब 1 बिलियन लोग अंग्रेजी नहीं जानते है। इसके विपरित वह लोग भारत की 100 भाषाओं में बातचीत करते है। वह सभी आबादी स्मार्टफ़ोन तक पहुंच बना रही है जिससे वह अपनी पसंद की भाषा में इंटरनेट पर बात करेंगे। Koo ऐप इन सभी लोगों और भारतीयों की आवाज़ को पहचानने का एक बेहतर प्रयास है।

Koo का यूजर इंटरफेस काफी सरल और सहज है और यह पहली बार इस्तेमाल कर रहे इंटरनेट यूजर के लिए भी बेहतरीन है। यह ऐप मुख्य रूप से Twitter की तरह ही है लेकिन इसके नेविगेशन और यूजबिलिटी को शानदार बनाने बनाने वाले दर्शकों को ध्यान में रखकर बनाया गया है।

यूजर निर्मित कंटेंट प्लेटफ़ॉर्म, Vokal उपयोगकर्ताओं को वॉइस और टेक्स्ट के माध्यम से सवाल और जवाब देने की भी अनुमति प्रदान करता है। इस प्लेटफ़ॉर्म का उद्देश्य भारत में एक गैर अंग्रेज़ी भाषा की आबादी तक मजबूत पकड़ स्थापित करना है। जैसा कि चीन में Quora जैसी सवाल और जवाब करने वाली प्लेटफ़ॉर्म Zhihu ने किया है।

TikTok, Kwai और Helo जैसे कंटेंट और एंटरटेनमेंट स्पेस में लोकप्रिय चाइनीज ऐप के ब्लॉक होने से Koo के माध्यम से ShareChat, Roposo और Vokal जैसे स्थानीय प्लेटफॉर्मों को और अन्य कई लोगों को इससे लाभ पहुंचने की संभावना है। लेकिन यह सोचने वाली बात है कि अगर भारत की सरकार चीनी ऐप पर प्रतिबंध नहीं लगाती तो क्या यह मुमकिन हो पाता?

Abhinav Narayan is presently a student of Law from Amity Law School, Noida; and is a vastly experienced candidate in the field of MUNs and youth parliaments. The core branches of Abhinav's expertise lies in Hindi writing, he writes Hindi poems and is a renowned orator. He is currently the President of the Hindi Literary Club, Amity University.
  • facebook

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *